रांची/धनबाद: झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान झरिया की विधायक रागनी सिंह ने कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने धनबाद के कुख्यात अपराधी प्रिंस खान के विदेश फरार होने के मामले को उठाते हुए सरकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए। सदन में विधायक के तीखे सवालों और सरकार के जवाबों के बीच तीखी बहस देखने को मिली, जिससे सदन का माहौल गरमा गया।
विधायक रागनी सिंह ने प्रभारी मंत्री योगेंद्र प्रसाद द्वारा दिए गए उत्तर पर गहरा असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने सीधे तौर पर पूछा कि आखिर प्रिंस खान जैसे बड़े अपराधी को पुलिस प्रशासन की नाक के नीचे से भागने का मौका कैसे मिला? विधायक ने सवाल उठाया कि जब प्रिंस खान फरार हुआ, तब तैनात पुलिस अधिकारियों की भूमिका की गहन जांच क्यों नहीं की गई? उन्होंने आरोप लगाया कि बिना किसी प्रभावशाली संरक्षण के एक कुख्यात अपराधी का देश की सीमाओं को लांघ जाना नामुमकिन है।
रागनी सिंह ने सदन के पटल पर अपनी बात रखते हुए कहा कि धनबाद एक संवेदनशील औद्योगिक क्षेत्र है, जहां संगठित अपराध पहले से ही आम जनता और व्यवसायियों के लिए सिरदर्द बना हुआ है। ऐसे में प्रिंस खान का फरार होना पुलिस इंटेलिजेंस और राज्य की सुरक्षा व्यवस्था की एक बड़ी विफलता है। उन्होंने सरकार से स्पष्ट किया कि जनता यह जानना चाहती है कि वह ‘अदृश्य हाथ’ किसका था, जिसने इस अपराधी को सुरक्षित रास्ता प्रदान किया।
विधायक ने मांग की कि इस पूरे प्रकरण की किसी उच्चस्तरीय एजेंसी से निष्पक्ष जांच कराई जाए। उन्होंने तर्क दिया कि यदि ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों की लापरवाही सामने आती है, तो उन पर केवल विभागीय खानापूर्ति के बजाय सख्त दंडात्मक कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि अगर सरकार इस मामले में पारदर्शिता नहीं बरतती और दोषियों को बचाने का प्रयास करती है, तो यह स्पष्ट संदेश जाएगा कि राज्य में अपराधियों को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है।
विधायक के इन सवालों ने सरकार को बचाव की मुद्रा में ला दिया। उन्होंने जोर देकर कहा कि झारखंड की कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है और पुलिस केवल आम जनता को परेशान करने में व्यस्त है, जबकि असली अपराधी बेखौफ होकर सीमाएं पार कर रहे हैं। रागनी सिंह ने अंत में मांग की कि सरकार इस मामले पर श्वेत पत्र जारी करे और प्रिंस खान की फरारी में शामिल हर उस व्यक्ति का नाम सार्वजनिक करे, जिसने कानून के साथ खिलवाड़ किया है।

