
धनबाद: कोयलांचल की शैक्षणिक उपलब्धियों में एक और नया अध्याय जुड़ गया है। धनबाद के प्रतिष्ठित संस्थान IIT (ISM) में आयोजित भव्य कार्यक्रम ‘प्रकाश ’26’ के अंतर्गत आयोजित विज्ञान प्रदर्शनी में ग्लोबल स्कूल ऑफ इंडिया के छात्रों ने प्रथम स्थान प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। इस ऐतिहासिक जीत से न केवल विद्यालय प्रबंधन बल्कि पूरे जिले में हर्ष का माहौल है।
नवाचार और रचनात्मकता का उत्कृष्ट प्रदर्शन
विज्ञान प्रदर्शनी में विद्यालय के होनहार छात्र ओवेश अली, देवराज शर्मा, प्रियांशु कुमार, मनीष कुमार और निखिल कुमार ने हिस्सा लिया। इन छात्रों ने अपनी वैज्ञानिक सोच और रचनात्मकता का परिचय देते हुए एक ऐसा प्रभावशाली मॉडल प्रस्तुत किया, जिसने निर्णायक मंडल को सोच में डाल दिया। उनके प्रोजेक्ट की मौलिकता (Originality), समाज के प्रति इसकी उपयोगिता और छात्रों की शानदार प्रस्तुति शैली को देखते हुए उन्हें प्रतियोगिता का विजेता घोषित किया गया।
गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का परिणाम
IIT (ISM) जैसे अंतरराष्ट्रीय स्तर के संस्थान में आयोजित इस प्रतियोगिता में जीत दर्ज करना विद्यालय की उच्च स्तरीय शिक्षण पद्धति को दर्शाता है। यह सफलता विद्यालय में दी जा रही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, वैज्ञानिक दृष्टिकोण और विशेष रूप से प्रयोगात्मक शिक्षण (Practical Learning) का जीवंत प्रमाण है। इस उपलब्धि के पीछे जहाँ एक ओर छात्रों की रातों की कड़ी मेहनत छिपी है, वहीं दूसरी ओर उनके शिक्षकों का निरंतर मार्गदर्शन और प्रेरणा रही है।
विद्यालय प्रबंधन ने दी बधाई
इस गौरवशाली उपलब्धि पर विद्यालय के निदेशक डॉ. एस. खालिद और चेयरपर्सन डॉ. निखत परवीन ने अत्यंत खुशी जताई। उन्होंने कहा कि हमारे छात्रों ने राष्ट्रीय स्तर के संस्थान में अपनी काबिलियत साबित कर यह दिखा दिया है कि उनमें भविष्य के महान वैज्ञानिक छिपे हैं।
मैनेजर ममता सिन्हा और प्रधानाचार्य चाँदनी त्रिगुणाईत ने भी विजेता टीम को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा कि विद्यालय प्रबंधन सदैव छात्रों के भीतर छिपी नवाचार की भावना को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है। समस्त प्रबंधन और शिक्षक गणों ने छात्रों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें और भी ऊंचाइयों को छूने के लिए प्रेरित किया।
भविष्य की ओर बढ़ते कदम
IIT (ISM) धनबाद में मिली यह सफलता ग्लोबल स्कूल ऑफ इंडिया की शैक्षणिक उत्कृष्टता और नवाचार के प्रति अटूट प्रतिबद्धता को और अधिक सशक्त करती है। इस जीत ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यदि छात्रों को सही दिशा और संसाधन मिले, तो वे तकनीक और विज्ञान के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित कर सकते हैं।

